राप्ती नदी में डूबे एक ही परिवार के 4 बच्चो की मौत

हमेशा अपडेट रहने के लिए आप हमारे ऐप को डाउनलोड कीजिए..... यहां क्लिक कीजिए

बांसी ।अठ्ठारह घंटे के बाद मिली चौथे बेटे की लाश। घर में मचा कोहराम। सोमवार की शाम जोगिया कोतवाली क्षेत्र के ग्राम भंवारी के टोला अजमागढ के बगल से होकर बहने वाली राप्ती नदी में नहाने गए एक ही घर के चार बच्चों की डूबने से मौत हो गई थी जिसमें तीन बच्चों की लाश को सोमवार को गोताखोरों ने तलाश लिया था l एक बच्चे का पता नहीं चल पाया था जिसे मंगलवार को ११ बजे ग्रामिणों व गोताखोरों ने तलाश लिया हैl नदी से चौथे बेटे आठ वर्षीय धीरज उर्फ निरहू की लाश बाहर आने की सूचना पर बच्चों की दादी भानमती, बाबा बहादुर सहित घर की औरतें बेतहाशा नदी के तट पर दौडती पहुंच गईं और धीरज की लाश से लिपट लिपट कर रोने लगीं उस दौरान वहां मौजूद सैकडों ग्रामिणों की आंखे नम हो गईं । मृतक बच्चों के पिता दोनों भईयों धर्मराज व अमेरिका ने दिल पर पथ्थर रख कर कुछ ही देर में मृतक धीरज को नदी के तट पर मिट्टी दिया । बताया जाता है हम उम्र होने के नाते चारो बच्चों में आपस में काफी लगाव था वह कोई भी काम होता तो एक साथ ही करते थे । बाबा बहादुर ने बताया कि चारो कभी नदी पर नहीं जाते थे पर काल ने उन्हें बुला लिया ।

चारो बच्चों की लाश को नदी के तट पर दिया गया मिट्टी ।
मंगलवार को धीरज की लाश मिलने से पहले सुबह आठ बजे तक धर्मराज के दोनों मृतक बेटे नीरज व धीरज एवं धर्मराज के पुत्र नीरज की लाश नदी के तट पर दफन कर दिया गया था lबाद में धीरज की लाश को भी वहीं दफनाया गया । उस दौरान वहां सैकडों ग्रामिणों का लगा रहा तांता ।अजमागढ़ गांव सहित पूरे क्षेत्र में मातम सा माहौल बना हुआ है l सभी के मुख से यही निकल रहा है हे भगवान यह क्या किया l

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *